श्री यंत्र

श्री यंत्र  

श्री यंत्र

श्री यंत्र या श्री चक्र एक अद्भुत, रहस्यमय, सिद्धिप्रद, निश्चित प्रभाव उत्पन्न करने वाला यंत्र है।

  • यह रेखागणित की एक जटिल आकृति है।
  • श्री यंत्र की स्थापना और पूजा से लक्ष्मी की प्राप्ति होती है। इस यंत्र की अधिष्ठात्री भगवती त्रिपुरा सुंदरी देवी हैं। यह सभी यंत्रो में शिरोमणि है और इसे 'यंत्रराज' कहा जाता है।
  • श्री विद्या के गूढ़ रहस्य को समझने के लिए शंकराचार्य विरचित 'सौंदर्य लहरी' आदि ग्रंथ हैं।
  • श्री यंत्र को सिद्ध करने के लिए वैशाखजेठकार्तिक, और माघ, ये चार महीने उत्तम हैं।
  • तिरुपति बाला जी, श्री नाथ जी, पशुपतिनाथ, रामेश्वर आदि मंदिरों की समृद्धि और वैभव के मूल में श्री यंत्र की प्रतिष्ठा है। नवरात्रिधनतेरस के दिन 'श्रीयंत्र' का पूजन करने से लक्ष्मी जी प्रसन्न होती हैं।

Comments

Popular posts from this blog

आलार कलाम

त्रिसरण-पंचशील

वह सुकर मद्दव आख़िर क्या था जिसे खाने से गौतम बुद्ध का परिनिर्वाण हुआ था ?